India-US Trade Deal: अमेरिकी टैरिफ 50% से घटकर 18%, MSMEs को बड़ा फायदा

India-US Trade Deal

भारत और अमेरिका के बीच व्यापार वार्ता हाल ही में एक बिलैटरल ट्रेड फ्रेमवर्क (interim trade framework) और डील की घोषणा के साथ चर्चा का विषय बनी है। अमेरिका ने भारत पर पहले लगाए गए 25-50% तक के टैरिफ को घटाने का ऐलान किया है और भारत ने भी विपरीत रूप से कुछ अमेरिकी आयात शुल्कों में कटौती करने की बातचीत में कदम रखा है। India-US Trade Deal

🔴 भारत-अमेरिका ट्रेड डील में बड़ा ऐलान

अमेरिका भारतीय उत्पादों पर लगाए गए टैरिफ को 50% से घटाकर 18% करने की तैयारी में है, जिससे भारत के निर्यात सेक्टर को बड़ी राहत मिलने वाली है।

🔴 MSMEs और किसानों के लिए सुनहरा मौका

इस डील के जरिए भारतीय MSMEs और किसानों को $30 ट्रिलियन के विशाल अमेरिकी बाजार तक सीधी पहुंच मिलेगी, जिससे निर्यात, आमदनी और रोजगार के नए रास्ते खुलेंगे।

🔴 आर्थिक सुरक्षा और टेक्नोलॉजी में नई साझेदारी

भारत और अमेरिका आर्थिक सुरक्षा, सप्लाई-चेन और अत्याधुनिक तकनीक के क्षेत्र में सहयोग को और मजबूत करने पर सहमत हुए हैं।

टैरिफ और शून्य-टैरिफ क्या है?

जीरो टैरिफ (Zero Tariff) = 0% शुल्क, यानी वह उत्पाद बिना किसी आयात कर के एक देश से दूसरे देश में भेजा-लाया जा सकता है। India-US Trade Deal

भारत-अमेरिका डील में टैरिफ पर पूर्ण शून्य-टैरिफ की बात उपराष्ट्रपति स्तर पर कही गई है, लेकिन वास्तविक रूप से यह शर्तें और सीमाएँ अभी अंतिम रूप में अनिश्चित हैं। कई विशेषज्ञ इसे डील का आशाजनक संकेत मानते हैं — लेकिन निर्धारित सूची के अनुसार लागू होने पर ही यह संभव होगा।

भारत के लिए जीरो-टैरिफ/टैरिफ कटौती – क्या संभावित है?

✔️ वितरित/संभावित टैरिफ कटौती

नए व्यापार डील के मुताबिक़, भारत कुछ अमेरिकी उत्पादों पर टैक्स कम या 0% तक ले सकता है यदि यह डील पूर्ण रूप से लागू हो जाती है: India-US Trade Deal

📌 आयात शुल्क में कटौती/जीरो-टैरिफ संभावित रूप से:

  • औद्योगिक और गैर-संवेदनशील सामान
    जैसे मशीनरी, इलेक्ट्रॉनिक्स, mechanical parts – संभवतः शून्य-टैरिफ या बहुत कम शुल्क।

  • ट्री नट्स (ग्रीक नट, बादाम) तथा कुछ फल-सब्ज़ियाँ – संभावित रूप से 0% कर दर पर पहुँच सकते हैं।

  • शराब, वाइन और स्पिरिट्स – डील का हिस्सा बनने पर टैरिफ मुक्त हो सकते हैं।

  • 4. किस चीज़ पर जीरो-टैरिफ संभव?

    यहाँ वो उत्पाद/श्रेणियाँ जिन पर डील में शून्य-टैरिफ (या पूरी तरह खुले बाजार तक पहुंच) की बातचीत हो सकती है — परंतु ध्यान रहे, पूरी पुष्टि अभी नहीं हुई है:India-US Trade Deal

साझा बयान में क्या कहा गया? डोनल्ड ट्रंप and नरेन्द्र मोदी

अमेरिका-भारत के साझा बयान में कहा गया है कि भारत सभी अमेरिकी इंडस्ट्रियल सामानों और अमेरिकी खाने-पीने और खेती के प्रोडक्ट्स की एक बड़ी रेंज पर टैरिफ हटाएगा, जिसमें सूखे डिस्टिलर ग्रेन (DDGs), जानवरों के चारे के लिए लाल ज्वार, ट्री नट्स, ताजे और प्रोसेस्ड फल, सोयाबीन तेल, वाइन और स्पिरिट्स और दूसरे प्रोडक्ट्स शामिल हैं। India-US Trade Deal

साझा बयान में आगे कहा गया है कि इसके बदले में अमेरिका सामानों की एक लंबी लिस्ट पर रेसिप्रोकल टैरिफ रेट कम करेगा और कुछ ऐसे और आइटम्स पर इसे पूरी तरह से हटा सकता है जो देश में नहीं बनते हैं, बशर्ते दोनों देशों के बीच बातचीत सफल हो।India-US Trade Deal

अमेरिका की ओर से टैरिफ कटौती

डील के तहत अमेरिका ने भारत से आयात होने वाले कई उत्पादों के टैरिफ को घटाने की घोषणा की है। अमेरिकी राष्ट्रपति के हवाले से कहा गया कि:India-US Trade Deal

  • भारतीय निर्यातकों पर लगाए गए 25% पेनल्टी टैरिफ हटाए जा रहे हैं

  • अब 18% तक समान्य सीमा पर टैरिफ रखने का निर्णय लिया गया है – जिससे भारतीय वस्त्र, चमड़ा, रसायन, मशीनरी, समुद्री उत्पाद, आदि करीने से प्रतिस्पर्धी होंगे।

  • $40–$50 अरब डॉलर तक जीरो-डेउटी एक्सेस

  • कुछ रिपोर्टों के अनुसार इस डील के कवर के तहत:

    • भारत को अमेरिका में $40 अरब डॉलर तक के निर्यात पर टैक्स-फ्री एक्सेस मिल सकता है — खासकर वह माल जिस पर पहले से ही अमेरिका का टैरिफ लगभग शून्य या न्यूनतम था।

    • भारत के कुछ मुख्य निर्यात जैसे फार्मा, मोबाइल फोन, कागज़ और खनिज आदि पहले से ही टैक्स-फ्री या न्यून टैरिफ वाले हैं — यह स्थिति बनी रह सकती है।India-US Trade Deal

    • अमेरिका से भारत को खरीद का लक्ष्य
    • डील के हिस्से के रूप में कहा गया है कि भारत अमेरिका से $500 अरब मूल्य का माल (ऊर्जा, विमान पार्ट्स, टेक्नोलॉजी उत्पाद) अगले कुछ वर्षों में खरीद सकता है — यह भी एक समर्थन के रूप में बताया गया है।India-US Trade Deal

1️⃣ अमेरिका भारतीय उत्पादों पर लगाए गए टैरिफ को 50% से घटाकर 18% तक लाने की दिशा में कदम बढ़ाएगा, जिससे भारतीय निर्यातकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

2️⃣ इस समझौते के जरिए MSMEs और किसानों के लिए लगभग $30 ट्रिलियन मूल्य वाले विशाल अमेरिकी बाजार के द्वार खुलेंगे, जिससे निर्यात, आय और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

3️⃣ इसके साथ ही भारत और अमेरिका आर्थिक सुरक्षा को मजबूत करने के साथ-साथ अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी, सप्लाई-चेन और नवाचार के क्षेत्र में सहयोग को नई ऊंचाई देंगे।

(Conclusion – Summary)

➡️ भारत-अमेरिका ट्रेड डील में जीरो-टैरिफ का विचार व्यापक रूप से चल रहा है, लेकिन यह हर वस्तु और सेक्टर पर नहीं होगा।
➡️ संभावित तौर पर औद्योगिक, मशीनरी, इलेक्ट्रॉनिक और कुछ कृषि – खाने-पीने के चयनित उत्पादों को टैरिफ मुक्त पहुंच दी जा सकती है — लेकिन संवेदनशील कृषि/डेयरी इत्यादि को संरक्षित रखा गया है.India-US Trade Deal
➡️ अमेरिका ने भारतीय वस्तुओं पर लगाए टैरिफ को गिराकर 18% तक कर दिया है, जिससे भारतीय निर्यातकों को राहत मिल सकती है।
➡️ यह डील एक सम्भव प्रतिस्पर्धात्मक और रणनीतिक कदम है, जिसका विस्तृत प्रभाव वास्तविक डील टेक्स्ट और लागू नियमों के बाद स्पष्ट हो पाएगा।India-US Trade Deal

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top